भगवद्गीता
मंगलवार, 6 सितंबर 2016
कारण और विज्ञान
यह रूप संसार है इसका कारण ब्रम्ह है । यह रूप संसार इस रूप में है इसका कारण ब्रम्ह का विज्ञान है । ब्रम्ह की अद्भुद महिमा का ध्यान करना
,
चिंतन करना
,
उसकी अद्भुद विभूति का अध्ययन करना उस ब्रम्हके साथ युत होने का पथ है ।
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