भगवद्गीता
गुरुवार, 15 जून 2017
प्रकृति के आधार
गुरू योगेश्वर श्रीकृष्ण अर्जुन को बताये कि हे माहाबाहो सत्व
,
रज़स
,
तमस यह प्रकृति के रचनागत गुण है जो कि अनश्वर आत्मा को शरीर से बाँधकर रखते हैं ।
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