ब्रम्ह की उच्चतर प्रकृति आत्मा के आधार पर ब्रम्ह की आठ वर्गों
में विभाज्य निम्नतर प्रकृति द्वारा निर्मित शरीर लम्बित होता है । परंतु यह दोनों ही ब्रम्ह
की प्रकृति हैं ब्रम्ह नहीं हैं । उस ब्रम्ह को जानना सम्भवतया इन दोनों ही
प्रकृतियों के ज्ञान क्षेत्र के परे का ज्ञान है । उस परम् सत्य ब्रम्ह को जानने
का एक मात्र उपाय उसी ब्रम्ह को ही समर्पित होना ही है ।
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