भगवद्गीता
रविवार, 3 जनवरी 2016
अन्य देवता
गुरू योगेश्वर श्रीकृष्ण अर्जुन को बताये कि ऐसे व्यक्ति जिनका मस्तिष्क इच्छाओं के वशीभूत विकृत दशा में है वे अपनी इच्छा पूर्ति की कामना से
,
अपनी प्रकृति के वशीभूत होकर
,
विभिन्न प्रकार की आहुतियाँ अर्पित करके अन्य देवताओं की बंदना करते हैं ।
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