गुरू
योगेश्वर श्रीकृष्ण ने कहा हे अर्जुन आज से पूर्व भी कभी ऐसा समय नहीं था जबकि मैं
नहीं था या यहाँ उपस्थित सभी नहीं थे और ना ही आगे कभी ऐसा समय आवेगा जबकि मैं
नहीं होऊँगा अथवा यहाँ उपस्थित सभी नहीं होंगे । इस कथन में व्यापक संसार के सृजन
सम्बंधी सिद्धांत निहित हैं । भिन्न व्याख्याकारों की भिन्न व्याख्यायें आगे के
अंको में प्रस्तुत की जावेगी ।
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