भगवद्गीता
रविवार, 10 दिसंबर 2017
समाहित दशा हेतु आर्हताये : 1
गुरू योगेश्वर श्रीकृष्ण अर्जुन को बताये कि विशुद्ध बुद्धि से युक्त होकर
,
अपने-आप को दृढता पूर्वक संयम में रखकर
,
शब्दादि विषयों को त्याग कर और राग तथा द्वेष को छोडकर ..... सतत्
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