भगवद्गीता
शनिवार, 9 मई 2015
अर्जुन का प्रश्न
योगेश्वर द्वारा कर्म प्रेरित करने के लिये विवेक के प्रयोग का उपदेश सुनकर अर्जुन ने जिज्ञासा व्यक्त किया कि वह कौन सी शक्ति है जो मनुष्य को उसकी इच्छा के विपरीत उसे पाप कर्म करने के लिये उद्यत करती है ।
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